भाग्य खराब होने के क्या कारण होते हैं आइए जानते हैं

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भाग्य खराब होने के क्या कारण होते हैं आइए जानते हैं
भाग्य खराब होने के क्या कारण होते हैं
भाग्य खराब होने के क्या कारण होते हैं आइए जानते हैं :- मित्रों जब हम अपने जीवन में सफल नहीं हो पाते हैं तो भाग्य को कोसने लगते हैं और कहते हैं कि हमारा भाग्य ही खराब है । लेकिन क्या आपको पता है कि भाग्य खराब होने के पीछे भी कुछ हमारी गलती भी होती है । यहां पर हम आप सब को यह बताएंगे कि भाग्य खराब होने के क्या कारण होते हैं । अगर आपको भी जानना है कि भाग खराब होने के क्या कारण हो सकते हैं तो आप इस लेख को पूरा पढ़िए उत्तर मिल जाएगा तो चलिए शुरू करते हैं ।
( 1 ) आलस्य और काम को टालने की आदत जिन लोगों में होती है उनके भाग्य उनका साथ नहीं देते हैं। तो यह भी एक कारण होता है भाग्य खराब होने का।
( 2 ) जो लोग जबान से गंदे शब्द बोलते रहते हैं तथा स्त्रियों को अपमानित करते रहते हैं वे लोग भी भाग्यहीन होते हैं । ऐसे लोगों का भाग्य कभी भी साथ नहीं देता है।
 ( 3 ) जो लोग रात को देर तक जागते हैं और सुबह देर तक सो कर उठते हैं वे लोग भी भाग्यहीन होते हैं। अक्सर देखा गया है कि ऐसे लोगों का भाग्य साथ नहीं देता है ।
( 4 ) माता पिता को कठोर वचन बोलना तथा उनके दिल को दुखी करना भी भाग्य हीनता का कारण बनता है।
 ( 5 ) व्यसन करने के लिए जो लोग पैसे खर्च करते हैं वह लोग हमेशा ही गरीब रह जाते हैं। ऐसे लोग अगर धनी होते हैं तो आने वाले वक्त में गरीब हो जाते हैं ।
( 6 ) गलत लोगों के साथ रहना उनके धन को उपयोग में लाना उनके आचरण को अपनाना भी अच्छा नहीं होता है। ऐसा करने से भाग्य साथ नहीं देता है ।
( 7 ) बिना सच्चाई जाने किसी पर आरोप नहीं लगाना चाहिए जैसे कि आपने किसी को चोर कह दिया और वह व्यक्ति चोर नहीं है तो इसका परिणाम आपको ही भुगतना पड़ेगा ।
( 8 ) अपने बहुमूल्य समय को बर्बाद करते हुए दूसरों की चुगली करना दूसरे की बुराई करना दुर्भाग्य का कारण बनता है । ऐसा करने वालों के नसीब में उन्हीं के दुर्भाग्य आ जाते हैं।
( 9 ) बाल ना कटवाना, गंदे कपड़ों को पहनना व्यक्ति के जीवन में दुर्भाग्य को आमंत्रित करते हैं ।
( 10 ) जो लोग अतिथियों को और शरण में आने वाले को अपमानित करते हैं वे लोग भी भाग्यहीन होते हैं। ऐसे लोगों का दुर्भाग्य पीछा नहीं छोड़ता है।
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मेरा नाम "संजय कुमार मौर्य " है और मैं देवरिया ( यूपी ) का रहने वाला हूं । मैं एक प्रोफेशनल ब्लॉगर, लेखक, कवि और कथाकार हूं । मैं हिंदी साहित्य में रुचि रखता हूं और हमेशा कविताओं और कहानियों का सृजन करता रहता हूं। इसके अलावा भी हमारे पास बहुत सारी चीजों की जानकारियां है जिसे मैं इस ब्लॉग के माध्यम से लोगों तक पहुंचाने की कोशिश करता हूं। दोस्तों हमें अपने ज्ञान को दूसरों के साथ साझा करना बहुत ही अच्छा लगता है अतः इसी उद्देश्य से हमने सन 2018 जनवरी में www.sitehindi.com को शुरू किया, जो कि आज एक सफल वेबसाइट बन चुका है और निरंतर वेब की दुनिया में उचाईयों की ओर बढ़ रहा है । इसके अलावा मेरा उद्देश्य अपने राष्ट्रभाषा हिंदी की सेवा करना है और इसे जन-जन तक पहुंचाना भी है । अगर मैं अपने इस उद्देश्य में सफल होता हूं तो मैं स्वयं को भाग्यशाली समझूंगा। आप भी हमारे इस ब्लॉग को पढ़े और हमारे इस उद्देश्य को पूरा करने में हमारी सहायता करें । धन्यवाद !

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